# भारत का सत्रहवाँ लोकसभा चुनाव 2019 : नरेंद्र मोदी की दूसरी जीत, भाजपा की 303 सीटें और कांग्रेस की 52 सीटें

ओमकार चौधरी / OCN Research Desk

भारतीय संसदीय चुनावों का इतिहास — सत्रहवाँ अध्याय

भारत का सत्रहवाँ लोकसभा आम चुनाव 11 अप्रैल से 19 मई 2019 तक सात चरणों में संपन्न हुआ। 23 मई को मतगणना के बाद परिणाम सामने आए। इस चुनाव में नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी ने लगातार दूसरी बार अपने दम पर पूर्ण बहुमत हासिल किया।

**भाजपा को 303 और कांग्रेस को 52 सीटें मिलीं।** भाजपा का राष्ट्रीय मत प्रतिशत 2014 के लगभग 31 प्रतिशत से बढ़कर 37.36 प्रतिशत हुआ, जबकि कांग्रेस को लगभग 19.49 प्रतिशत मत प्राप्त हुए।

भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) ने चुनाव में 352 सीटें जीतीं। डॉ. मनमोहन सिंह के बाद नरेंद्र मोदी लगातार दो आम चुनावों के माध्यम से प्रधानमंत्री बनने वाले नेता बने।

30 मई 2019 को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने नरेंद्र मोदी को दूसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ दिलाई।

भाजपा की सीटें

## 303

कांग्रेस की सीटें

## 52

एनडीए की सीटें

## 352

मतदान प्रतिशत

## 67.40%

## 1. सत्रहवें लोकसभा चुनाव के महत्वपूर्ण आँकड़े

| चुनाव संबंधी विषय | विवरण |
| --- | --- |
| लोकसभा | सत्रहवीं |
| चुनाव की तारीखें | 11 अप्रैल–19 मई 2019 |
| मतदान के चरण | 7 |
| मुख्य मतगणना | 23 मई 2019 |
| कुल निर्धारित निर्वाचित सीटें | 543 |
| मई में परिणाम घोषित | 542 |
| वेल्लोर में बाद में मतदान | 5 अगस्त 2019 |
| वेल्लोर का परिणाम | 9 अगस्त 2019 |
| बहुमत के लिए | 272 |
| सामान्य सीटें | 412 |
| अनुसूचित जाति आरक्षित | 84 |
| अनुसूचित जनजाति आरक्षित | 47 |
| कुल पंजीकृत मतदाता | 91,19,50,734 |
| मतदान करने वाले | 61,46,84,398 |
| मतदान प्रतिशत | 67.40% |
| चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशी | 8,054 |
| महिला प्रत्याशी | 726 |
| निर्वाचित महिला सांसद | 78 |
| चुनाव में भाग लेने वाले दल | 673 |
| निर्दलीय निर्वाचित | 4 |
| नोटा मत | 65,22,772 |
| नोटा मत प्रतिशत | 1.06% |
| मुख्य निर्वाचन आयुक्त | सुनील अरोड़ा |
| प्रधानमंत्री | नरेंद्र मोदी |

स्रोत: भारत निर्वाचन आयोग के सत्रहवें लोकसभा चुनाव के अंतिम सांख्यिकीय अभिलेख।

## 542 और 543 सीटों का अंतर क्यों?

तमिलनाडु की वेल्लोर लोकसभा सीट का चुनाव धन जब्ती और चुनावी अनियमितताओं के आरोपों से संबंधित परिस्थितियों के कारण अप्रैल 2019 में रद्द कर दिया गया था।

बाकी 542 सीटों के परिणाम 23 मई के आसपास घोषित हुए। वेल्लोर में 5 अगस्त को मतदान हुआ और 9 अगस्त को डीएमके के डी. एम. कथिर आनंद विजयी घोषित हुए। उन्होंने अन्नाद्रमुक गठबंधन के ए. सी. षणमुगम को 8,141 मतों से पराजित किया।

इसलिए मुख्य मई परिणाम में **डीएमके की 23 सीटें**, जबकि अगस्त में वेल्लोर जोड़ने पर **24 सीटें** थीं। इस अध्याय की राज्यवार पूर्ण तालिका में सभी 543 सीटें शामिल हैं।

## 2. चुनाव की राजनीतिक पृष्ठभूमि

2014 में भाजपा ने 282 सीटें जीतकर केंद्र में पूर्ण बहुमत की सरकार बनाई थी। नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री बने और अमित शाह जुलाई 2014 से भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे।

2014 से 2019 के बीच सरकार के अनेक निर्णय तथा राष्ट्रीय घटनाएँ चुनावी बहस का हिस्सा बनीं।

1. **2014 — जनधन, स्वच्छ भारत और मेक इन इंडिया**

वित्तीय समावेशन, स्वच्छता और औद्योगिक निवेश से संबंधित कार्यक्रम शुरू किए गए। 2. **2016 — उरी आतंकवादी हमला और सैन्य कार्रवाई**

सितंबर 2016 में उरी आतंकवादी हमले के बाद भारतीय सेना ने नियंत्रण रेखा के पार आतंकवादी ठिकानों के विरुद्ध लक्षित सैन्य कार्रवाई की घोषणा की। 3. **8 नवंबर 2016 — विमुद्रीकरण**

तत्कालीन ₹500 और ₹1,000 के नोटों को चलन से हटाने का निर्णय लागू हुआ। इसके आर्थिक प्रभावों और उद्देश्यों की उपलब्धि को लेकर व्यापक बहस हुई। 4. **1 जुलाई 2017 — जीएसटी लागू**

पूरे देश में वस्तु एवं सेवा कर व्यवस्था लागू हुई। यह अप्रत्यक्ष कर प्रणाली का बड़ा परिवर्तन था। 5. **2018 — आयुष्मान भारत**

प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना शुरू हुई। गरीब एवं पात्र परिवारों के लिए अस्पताल में उपचार के खर्च संबंधी प्रावधान किए गए। 6. **दिसंबर 2018 — विधानसभा चुनाव**

मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ में कांग्रेस ने भाजपा से सत्ता प्राप्त की। ये परिणाम आम चुनाव से कुछ महीने पहले आए थे। 7. **14 फरवरी 2019 — पुलवामा आतंकवादी हमला**

सीआरपीएफ के 40 जवान शहीद हुए। पाकिस्तान स्थित जैश-ए-मोहम्मद ने हमले की जिम्मेदारी ली। 8. **26 फरवरी 2019 — बालाकोट में वायुसेना की कार्रवाई**

भारत ने पाकिस्तान के बालाकोट में जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े प्रशिक्षण परिसर को निशाना बनाने की घोषणा की। इसके अगले दिन भारत-पाकिस्तान के बीच हवाई सैन्य संघर्ष हुआ।

चुनाव में राष्ट्रीय सुरक्षा, नेतृत्व, विकास, रोजगार, किसानों की स्थिति, आर्थिक नीतियाँ और भ्रष्टाचार के आरोप सहित अनेक मुद्दे उठे। कांग्रेस ने राफेल विमान सौदे तथा न्याय योजना को प्रमुख प्रचार विषय बनाया, जबकि भाजपा ने राष्ट्रीय सुरक्षा, कल्याणकारी योजनाओं और सरकार की उपलब्धियों पर जोर दिया।

## 3. प्रमुख राजनीतिक दल और उनके तत्कालीन नेता

| राजनीतिक दल | प्रमुख नेता |
| --- | --- |
| भारतीय जनता पार्टी | नरेंद्र मोदी, अमित शाह, राजनाथ सिंह |
| भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस | राहुल गांधी, सोनिया गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा |
| बहुजन समाज पार्टी | मायावती |
| समाजवादी पार्टी | अखिलेश यादव, मुलायम सिंह यादव |
| तृणमूल कांग्रेस | ममता बनर्जी |
| डीएमके | एम. के. स्टालिन |
| अन्नाद्रमुक | ई. के. पलानीस्वामी, ओ. पन्नीरसेल्वम |
| वाईएसआर कांग्रेस पार्टी | वाई. एस. जगन मोहन रेड्डी |
| तेलुगु देशम पार्टी | एन. चंद्रबाबू नायडू |
| तेलंगाना राष्ट्र समिति | के. चंद्रशेखर राव |
| बीजू जनता दल | नवीन पटनायक |
| जनता दल (यूनाइटेड) | नीतीश कुमार, आर. सी. पी. सिंह |
| लोक जनशक्ति पार्टी | रामविलास पासवान, चिराग पासवान |
| शिवसेना | उद्धव ठाकरे |
| राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी | शरद पवार |
| मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी | सीताराम येचुरी |
| भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी | डी. राजा, एस. सुधाकर रेड्डी |
| आम आदमी पार्टी | अरविंद केजरीवाल |
| शिरोमणि अकाली दल | सुखबीर सिंह बादल, प्रकाश सिंह बादल |
| राष्ट्रीय जनता दल | लालू प्रसाद यादव, तेजस्वी यादव |
| राष्ट्रीय लोकदल | अजित सिंह, जयंत चौधरी |
| असम यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट | बदरुद्दीन अजमल |
| जम्मू-कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस | फारूक अब्दुल्ला, उमर अब्दुल्ला |
| एमआईएम | असदुद्दीन ओवैसी |
| झारखंड मुक्ति मोर्चा | शिबू सोरेन, हेमंत सोरेन |
| अपना दल (सोनेलाल) | अनुप्रिया पटेल |
| राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी | हनुमान बेनीवाल |

2009 और 2014 में कांग्रेस की अध्यक्ष सोनिया गांधी थीं, लेकिन **2019 के चुनाव के समय राहुल गांधी कांग्रेस अध्यक्ष थे**। भाजपा अध्यक्ष अमित शाह थे और प्रधानमंत्री पद के लिए नरेंद्र मोदी उसका नेतृत्व कर रहे थे।

## 4. किस पार्टी को कितनी सीटें और कितना राष्ट्रीय वोट शेयर मिला?

निर्वाचन आयोग के मई 2019 के मुख्य परिणाम तथा अगस्त में वेल्लोर की सीट जोड़कर प्रमुख दलों की स्थिति इस प्रकार थी।

| राजनीतिक दल | सीटें | राष्ट्रीय मत प्रतिशत (मई चुनाव) |
| --- | --- | --- |
| भारतीय जनता पार्टी | 303 | 37.36% |
| भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस | 52 | 19.49% |
| डीएमके | 24 | लगभग 2.34% |
| तृणमूल कांग्रेस | 22 | 4.06% |
| वाईएसआर कांग्रेस | 22 | 2.53% |
| शिवसेना | 18 | 2.05% |
| जनता दल (यूनाइटेड) | 16 | 1.45% |
| बीजू जनता दल | 12 | 1.66% |
| बहुजन समाज पार्टी | 10 | 3.62% |
| तेलंगाना राष्ट्र समिति | 9 | 1.25% |
| लोक जनशक्ति पार्टी | 6 | लगभग 0.52% |
| समाजवादी पार्टी | 5 | 2.55% |
| राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी | 5 | 1.39% |
| तेलुगु देशम पार्टी | 3 | 2.04% |
| मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी | 3 | 1.77% |
| जम्मू-कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस | 3 | लगभग 0.05% |
| इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग | 3 | 0.26% |
| भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी | 2 | 0.58% |
| शिरोमणि अकाली दल | 2 | 0.62% |
| अपना दल (सोनेलाल) | 2 | 0.17% |
| एमआईएम | 2 | लगभग 0.20% |
| आम आदमी पार्टी | 1 | 0.44% |
| अन्नाद्रमुक | 1 | लगभग 1.28% |
| जनता दल (सेक्युलर) | 1 | 0.56% |
| झारखंड मुक्ति मोर्चा | 1 | 0.31% |
| असम यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट | 1 | 0.23% |
| राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी | 1 | 0.11% |
| आजसू पार्टी | 1 | लगभग 0.11% |
| केरल कांग्रेस (एम) | 1 | लगभग 0.07% |
| रिवोल्यूशनरी सोशलिस्ट पार्टी | 1 | लगभग 0.12% |
| अन्य एक-सीट वाले दल | 6 | — |
| निर्दलीय | 4 | लगभग 2.68% |

मई के 542 सीटों वाले परिणाम में डीएमके की 23 सीटें थीं। यहाँ उसके अगस्त 2019 में मिले वेल्लोर के अतिरिक्त सांसद को जोड़ा गया है। मत प्रतिशत मुख्य चुनाव के हैं; अलग अवधि के वोटों को मिलाकर नया राष्ट्रीय प्रतिशत नहीं बनाया गया है।

## मत प्रतिशत के उल्लेखनीय तथ्य

भाजपा को 37.36 प्रतिशत राष्ट्रीय मत मिले और उसने 303 सीटें जीतीं। यानी लगभग 37 प्रतिशत मतों के आधार पर उसने कुल निर्वाचित सीटों का लगभग 55.8 प्रतिशत हासिल किया।

कांग्रेस को लगभग 19.49 प्रतिशत वोट प्राप्त हुए, लेकिन केवल 52 सीटें मिलीं। उसका राष्ट्रीय मत आधार 2014 के मुकाबले थोड़ा बढ़ा, लेकिन सीटें सिर्फ आठ अधिक हुईं।

बसपा ने 3.62 प्रतिशत राष्ट्रीय वोटों पर दस सीटें जीतीं। समाजवादी पार्टी को 2.55 प्रतिशत मतों पर पाँच सीटें मिलीं। दोनों दल उत्तर प्रदेश में चुनाव-पूर्व गठबंधन में थे।

दक्षिण भारत में डीएमके, वाईएसआर कांग्रेस और तेलंगाना राष्ट्र समिति का महत्वपूर्ण प्रदर्शन रहा। ओडिशा में बीजू जनता दल ने 12 सीटें जीतीं।

## 5. राज्यवार सीटें : कांग्रेस, भाजपा और अन्य दल

निम्न तालिका में **2019 के सभी 543 निर्वाचन क्षेत्रों के अंतिम परिणाम**, अगस्त में वेल्लोर की सीट सहित, दर्शाए गए हैं।

| राज्य / केंद्रशासित प्रदेश | कुल सीटें | भाजपा | कांग्रेस | अन्य दल |
| --- | --- | --- | --- | --- |
| उत्तर प्रदेश | 80 | 62 | 1 | 17 |
| महाराष्ट्र | 48 | 23 | 1 | 24 |
| पश्चिम बंगाल | 42 | 18 | 2 | 22 |
| बिहार | 40 | 17 | 1 | 22 |
| तमिलनाडु | 39 | 0 | 8 | 31 |
| मध्य प्रदेश | 29 | 28 | 1 | 0 |
| कर्नाटक | 28 | 25 | 1 | 2 |
| गुजरात | 26 | 26 | 0 | 0 |
| राजस्थान | 25 | 24 | 0 | 1 |
| आंध्र प्रदेश | 25 | 0 | 0 | 25 |
| ओडिशा | 21 | 8 | 1 | 12 |
| केरल | 20 | 0 | 15 | 5 |
| तेलंगाना | 17 | 4 | 3 | 10 |
| असम | 14 | 9 | 3 | 2 |
| झारखंड | 14 | 11 | 1 | 2 |
| पंजाब | 13 | 2 | 8 | 3 |
| छत्तीसगढ़ | 11 | 9 | 2 | 0 |
| हरियाणा | 10 | 10 | 0 | 0 |
| दिल्ली | 7 | 7 | 0 | 0 |
| जम्मू-कश्मीर | 6 | 3 | 0 | 3 |
| उत्तराखंड | 5 | 5 | 0 | 0 |
| हिमाचल प्रदेश | 4 | 4 | 0 | 0 |
| अरुणाचल प्रदेश | 2 | 2 | 0 | 0 |
| गोवा | 2 | 1 | 1 | 0 |
| मणिपुर | 2 | 1 | 0 | 1 |
| मेघालय | 2 | 0 | 1 | 1 |
| त्रिपुरा | 2 | 2 | 0 | 0 |
| मिजोरम | 1 | 0 | 0 | 1 |
| नगालैंड | 1 | 0 | 0 | 1 |
| सिक्किम | 1 | 0 | 0 | 1 |
| अंडमान-निकोबार | 1 | 0 | 1 | 0 |
| चंडीगढ़ | 1 | 1 | 0 | 0 |
| दादरा-नगर हवेली | 1 | 0 | 0 | 1 |
| दमन-दीव | 1 | 1 | 0 | 0 |
| लक्षद्वीप | 1 | 0 | 0 | 1 |
| पुडुचेरी | 1 | 0 | 1 | 0 |
| **कुल** | **543** | **303** | **52** | **188** |

स्रोत: निर्वाचन आयोग के राज्यवार चुनाव परिणामों के आधार पर संकलन। तमिलनाडु में वेल्लोर का अगस्त 2019 परिणाम सम्मिलित है।

## 6. महत्वपूर्ण राज्यों में दलवार पूरे परिणाम

| राज्य | प्रमुख पार्टियों को मिली सीटें |
| --- | --- |
| उत्तर प्रदेश | भाजपा 62, बसपा 10, सपा 5, अपना दल (एस) 2, कांग्रेस 1 |
| बिहार | भाजपा 17, जदयू 16, लोजपा 6, कांग्रेस 1 |
| महाराष्ट्र | भाजपा 23, शिवसेना 18, एनसीपी 4, कांग्रेस 1, एमआईएम 1, निर्दलीय 1 |
| पश्चिम बंगाल | तृणमूल 22, भाजपा 18, कांग्रेस 2 |
| मध्य प्रदेश | भाजपा 28, कांग्रेस 1 |
| कर्नाटक | भाजपा 25, कांग्रेस 1, जद (सेक्युलर) 1, निर्दलीय 1 |
| गुजरात | भाजपा 26 |
| राजस्थान | भाजपा 24, राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी 1 |
| आंध्र प्रदेश | वाईएसआर कांग्रेस 22, तेलुगु देशम 3 |
| तमिलनाडु | डीएमके 24, कांग्रेस 8, भाकपा 2, माकपा 2, अन्नाद्रमुक 1, मुस्लिम लीग 1, वीसीके 1 |
| ओडिशा | बीजद 12, भाजपा 8, कांग्रेस 1 |
| केरल | कांग्रेस 15, मुस्लिम लीग 2, माकपा 1, केरल कांग्रेस (एम) 1, आरएसपी 1 |
| तेलंगाना | टीआरएस 9, भाजपा 4, कांग्रेस 3, एमआईएम 1 |
| असम | भाजपा 9, कांग्रेस 3, एआईयूडीएफ 1, निर्दलीय 1 |
| झारखंड | भाजपा 11, कांग्रेस 1, झामुमो 1, आजसू 1 |
| पंजाब | कांग्रेस 8, भाजपा 2, अकाली दल 2, आम आदमी पार्टी 1 |
| छत्तीसगढ़ | भाजपा 9, कांग्रेस 2 |
| हरियाणा | भाजपा 10 |
| दिल्ली | भाजपा 7 |
| जम्मू-कश्मीर | भाजपा 3, नेशनल कॉन्फ्रेंस 3 |
| उत्तराखंड | भाजपा 5 |
| हिमाचल प्रदेश | भाजपा 4 |

## 7. उत्तर प्रदेश : सपा-बसपा गठबंधन और भाजपा का प्रदर्शन

2019 के चुनाव में उत्तर प्रदेश की राजनीति का एक प्रमुख घटनाक्रम समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी का गठबंधन था। 1993 के बाद दोनों दलों के संबंधों में लंबे समय तक टकराव रहा था। 2019 में अखिलेश यादव और मायावती ने भाजपा का मुकाबला करने के लिए चुनावी तालमेल किया।

कांग्रेस इस गठबंधन का हिस्सा नहीं थी।

| पार्टी | सीटें | प्रदेश में मत प्रतिशत |
| --- | --- | --- |
| भाजपा | 62 | 49.56% |
| बसपा | 10 | 19.26% |
| समाजवादी पार्टी | 5 | 17.96% |
| कांग्रेस | 1 | 6.31% |
| अपना दल (सोनेलाल) | 2 | लगभग 1.01% |

भाजपा और अपना दल ने मिलकर 64 सीटें जीतीं। सपा और बसपा के गठबंधन को 15 सीटें मिलीं। कांग्रेस की ओर से केवल रायबरेली में सोनिया गांधी निर्वाचित हुईं।

## 2014 और 2019 में उत्तर प्रदेश का परिवर्तन

| पार्टी | 2014 | 2019 |
| --- | --- | --- |
| भाजपा | 71 | 62 |
| बसपा | 0 | 10 |
| समाजवादी पार्टी | 5 | 5 |
| कांग्रेस | 2 | 1 |
| अपना दल | 2 | 2 |

भाजपा की सीटें नौ कम हुईं, लेकिन उसका प्रदेश में वोट प्रतिशत 2014 के 42.32 प्रतिशत से बढ़कर 2019 में लगभग 49.56 प्रतिशत हो गया। यह सीट और वोट शेयर के बीच अंतर का महत्वपूर्ण उदाहरण है।

## 8. चुनाव के आठ प्रमुख राजनीतिक घटनाक्रम

**1. नरेंद्र मोदी लगातार दूसरी बार पूर्ण बहुमत के साथ लौटे**

भाजपा की सीटें 2014 की 282 से बढ़कर 303 हुईं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वाराणसी से दूसरी बार चुनाव जीता। भाजपा को एकदलीय बहुमत और एनडीए को व्यापक गठबंधन बहुमत प्राप्त हुआ।

**2. अमित शाह पहली बार लोकसभा पहुँचे**

तत्कालीन भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने गुजरात की गांधीनगर सीट से चुनाव लड़ा और जीत दर्ज की। नई सरकार में उन्हें केंद्रीय गृह मंत्री बनाया गया।

गांधीनगर से इससे पहले वरिष्ठ भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी कई बार सांसद निर्वाचित हुए थे।

**3. अमेठी में स्मृति ईरानी ने राहुल गांधी को हराया**

अमेठी के परिणाम ने राष्ट्रीय स्तर पर व्यापक चर्चा प्राप्त की। 2014 में राहुल गांधी से पराजित स्मृति ईरानी ने 2019 में उन्हें 55,120 मतों से हराया।

राहुल गांधी केरल की वायनाड सीट से भी लड़े और वहाँ विजयी हुए।

**4. तमिलनाडु में डीएमके-कांग्रेस गठबंधन का प्रदर्शन**

डीएमके ने अगस्त में वेल्लोर सहित 24 और कांग्रेस ने आठ सीटें जीतीं। सहयोगी वाम दलों सहित गठबंधन ने तमिलनाडु की 39 में से 38 सीटें जीत लीं।

अन्नाद्रमुक को केवल एक सीट मिली, जबकि 2014 में उसके 37 सांसद निर्वाचित हुए थे।

**5. पश्चिम बंगाल में भाजपा का विस्तार**

तृणमूल कांग्रेस ने 22 सीटें जीतीं, लेकिन भाजपा ने अपनी सीटें 2014 की दो से बढ़ाकर 18 कर लीं।

कांग्रेस को दो सीटें मिलीं, जबकि वामपंथी दल एक भी लोकसभा सीट नहीं जीत सके।

**6. आंध्र प्रदेश में वाईएसआर कांग्रेस की जीत**

वाई. एस. जगन मोहन रेड्डी की पार्टी ने आंध्र प्रदेश की 25 में से 22 लोकसभा सीटें जीतीं।

विधानसभा चुनाव में भी वाईएसआर कांग्रेस ने बहुमत हासिल किया और जगन मोहन रेड्डी मुख्यमंत्री बने। चंद्रबाबू नायडू की तेलुगु देशम सत्ता से बाहर हो गई।

**7. राहुल गांधी की अमेठी में हार और वायनाड से जीत**

राहुल गांधी अमेठी और वायनाड से मैदान में थे। अमेठी में पराजय हुई, जबकि वायनाड में उन्होंने बड़े अंतर से जीत प्राप्त की।

चुनाव परिणाम के बाद राहुल गांधी ने जुलाई 2019 में कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफा दिया। सोनिया गांधी अगस्त 2019 में अंतरिम अध्यक्ष बनीं।

**8. सपा-बसपा गठबंधन के परिणाम**

बसपा को दस और सपा को पाँच सीटें मिलीं। बसपा ने 2014 के शून्य से अपना प्रतिनिधित्व बढ़ाया, जबकि सपा की सीटें पाँच ही रहीं।

चुनाव के बाद दोनों दलों ने गठबंधन जारी नहीं रखा।

## 9. प्रमुख निर्वाचन क्षेत्रों के परिणाम

| निर्वाचन क्षेत्र | विजेता | मुख्य प्रतिद्वंद्वी / राजनीतिक महत्व |
| --- | --- | --- |
| वाराणसी | नरेंद्र मोदी — भाजपा | सपा की शालिनी यादव |
| अमेठी | स्मृति ईरानी — भाजपा | राहुल गांधी — कांग्रेस |
| वायनाड | राहुल गांधी — कांग्रेस | भाकपा के पी. पी. सुनीर |
| रायबरेली | सोनिया गांधी — कांग्रेस | भाजपा के दिनेश प्रताप सिंह |
| गांधीनगर | अमित शाह — भाजपा | कांग्रेस के सी. जे. चावड़ा |
| लखनऊ | राजनाथ सिंह — भाजपा | सपा की पूनम सिन्हा |
| आजमगढ़ | अखिलेश यादव — सपा | भाजपा के दिनेश लाल यादव ‘निरहुआ’ |
| रामपुर | आजम खान — सपा | भाजपा की जयाप्रदा |
| बेगूसराय | गिरिराज सिंह — भाजपा | भाकपा के कन्हैया कुमार |
| भोपाल | प्रज्ञा सिंह ठाकुर — भाजपा | कांग्रेस के दिग्विजय सिंह |
| पटना साहिब | रविशंकर प्रसाद — भाजपा | कांग्रेस के शत्रुघ्न सिन्हा |
| उत्तर मुंबई | गोपाल शेट्टी — भाजपा | कांग्रेस की उर्मिला मातोंडकर |
| गुरदासपुर | सनी देओल — भाजपा | कांग्रेस के सुनील जाखड़ |
| हैदराबाद | असदुद्दीन ओवैसी — एमआईएम | भाजपा के भगवंत राव |
| श्रीनगर | फारूक अब्दुल्ला — नेशनल कॉन्फ्रेंस | अन्य दलों के प्रत्याशी |

## अमेठी : स्मृति ईरानी बनाम राहुल गांधी

| प्रत्याशी | प्राप्त मत |
| --- | --- |
| स्मृति ईरानी — भाजपा | 4,68,514 |
| राहुल गांधी — कांग्रेस | 4,13,394 |

स्मृति ईरानी की जीत का अंतर

## 55,120 वोट

निर्वाचन क्षेत्रवार परिणाम।

2014 में स्मृति ईरानी अमेठी से राहुल गांधी के विरुद्ध चुनाव हार गई थीं। पाँच वर्ष बाद इसी सीट पर उन्होंने उन्हें पराजित किया।

वायनाड में राहुल गांधी ने 7,06,367 मत प्राप्त किए और अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी को 4,31,770 मतों से हराया।

## 10. एनडीए की 352 सीटों का समीकरण

मई 2019 के चुनाव में भाजपा ने अकेले 303 सीटें जीतीं। उसके साथ विभिन्न सहयोगी दलों ने चुनाव लड़ा।

| एनडीए के प्रमुख घटक | सीटें |
| --- | --- |
| भारतीय जनता पार्टी | 303 |
| शिवसेना | 18 |
| जनता दल (यूनाइटेड) | 16 |
| लोक जनशक्ति पार्टी | 6 |
| शिरोमणि अकाली दल | 2 |
| अपना दल (सोनेलाल) | 2 |
| अन्नाद्रमुक | 1 |
| राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी | 1 |
| आजसू पार्टी | 1 |
| नेशनलिस्ट डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव पार्टी | 1 |
| भाजपा समर्थित निर्दलीय | 1 |
| **कुल** | **352** |

यह मई 2019 में चुनाव-समय के एनडीए गठबंधन का वर्गीकरण है। बाद में शिवसेना, अकाली दल, जदयू तथा अन्य दलों के राजनीतिक संबंध अलग-अलग समय पर बदले।

2014 में भाजपा को अकेले बहुमत मिला था। 2019 में उसकी सीटें 21 बढ़ीं और उसने सहयोगियों के साथ पुनः सरकार बनाई।

30 मई 2019 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ नए मंत्रिमंडल ने शपथ ली। अमित शाह गृह मंत्री और राजनाथ सिंह रक्षा मंत्री बने। निर्मला सीतारमण को वित्त मंत्रालय तथा एस. जयशंकर को विदेश मंत्रालय मिला।

## 11. 2014 और 2019 के चुनावों की तुलना

| राजनीतिक दल | 2014 | 2019 | परिवर्तन |
| --- | --- | --- | --- |
| भाजपा | 282 | 303 | \+21 |
| कांग्रेस | 44 | 52 | \+8 |
| डीएमके | 0 | 24 | \+24 |
| तृणमूल कांग्रेस | 34 | 22 | −12 |
| वाईएसआर कांग्रेस | 9 | 22 | \+13 |
| शिवसेना | 18 | 18 | 0 |
| जनता दल (यूनाइटेड) | 2 | 16 | \+14 |
| बीजू जनता दल | 20 | 12 | −8 |
| बसपा | 0 | 10 | \+10 |
| तेलंगाना राष्ट्र समिति | 11 | 9 | −2 |
| समाजवादी पार्टी | 5 | 5 | 0 |
| माकपा | 9 | 3 | −6 |
| तेलुगु देशम | 16 | 3 | −13 |
| आम आदमी पार्टी | 4 | 1 | −3 |
| अन्नाद्रमुक | 37 | 1 | −36 |

2019 की डीएमके सीटों में अगस्त का वेल्लोर परिणाम सम्मिलित है।

## राष्ट्रीय वोट शेयर की तुलना

| पार्टी | 2014 | 2019 |
| --- | --- | --- |
| भाजपा | 31.00% | 37.36% |
| कांग्रेस | 19.31% | 19.49% |
| तृणमूल कांग्रेस | 3.84% | 4.06% |
| बसपा | 4.14% | 3.62% |
| सपा | 3.47% | 2.55% |

भाजपा के राष्ट्रीय वोट प्रतिशत में 6.36 प्रतिशत अंकों की वृद्धि हुई। कांग्रेस का मत प्रतिशत लगभग स्थिर रहा, लेकिन उसे आठ अतिरिक्त सीटें मिलीं।

## 12. सत्रहवीं लोकसभा के कार्यकाल की महत्वपूर्ण घटनाएँ (2019–2024)

| तारीख / वर्ष | प्रमुख घटना |
| --- | --- |
| 30 मई 2019 | नरेंद्र मोदी ने दूसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली |
| 5 अगस्त 2019 | जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 के विशेष प्रावधानों को निष्प्रभावी बनाने का निर्णय |
| 2019 | जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन अधिनियम पारित; जम्मू-कश्मीर और लद्दाख केंद्रशासित प्रदेश बने |
| 9 नवंबर 2019 | सर्वोच्च न्यायालय का अयोध्या भूमि विवाद में अंतिम फैसला |
| दिसंबर 2019 | नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) पारित |
| जनवरी 2020 | भारत में कोविड-19 का पहला पुष्ट मामला |
| मार्च 2020 | कोविड-19 महामारी के कारण देशव्यापी लॉकडाउन |
| सितंबर 2020 | तीन केंद्रीय कृषि कानून पारित |
| नवंबर 2020–दिसंबर 2021 | कृषि कानूनों के विरुद्ध किसान आंदोलन |
| नवंबर 2021 | तीन कृषि कानून निरस्त करने का कानून पारित |
| 2022 | द्रौपदी मुर्मु भारत की राष्ट्रपति निर्वाचित हुईं |
| 2023 | नया संसद भवन उपयोग में आया |
| सितंबर 2023 | महिला आरक्षण संबंधी 106वाँ संविधान संशोधन पारित |
| 22 जनवरी 2024 | अयोध्या राम मंदिर में प्राण-प्रतिष्ठा समारोह |
| अप्रैल–जून 2024 | अठारहवाँ लोकसभा चुनाव |

इस कार्यकाल में अनुच्छेद 370 संबंधी निर्णय, नागरिकता संशोधन कानून, कोविड-19 महामारी, कृषि कानून और नए आपराधिक कानून जैसे विषयों पर व्यापक राजनीतिक तथा कानूनी बहसें हुईं।

## सत्रहवीं लोकसभा के अध्यक्ष

19 जून 2019 को राजस्थान के कोटा से भाजपा सांसद ओम बिरला सत्रहवीं लोकसभा के अध्यक्ष निर्वाचित हुए। उन्होंने लोकसभा के कार्यकाल में अध्यक्ष पद संभाला।

## 13. पहले सत्रह लोकसभा चुनावों में कांग्रेस और जनसंघ/भाजपा की सीटें

| चुनाव वर्ष | कांग्रेस | जनसंघ / भाजपा |
| --- | --- | --- |
| 1951–52 | 364 | 3 |
| 1957 | 371 | 4 |
| 1962 | 361 | 14 |
| 1967 | 283 | 35 |
| 1971 | 352 | 22 |
| 1977 | 154 | जनसंघ जनता पार्टी में शामिल |
| 1980 | 353 | भाजपा का गठन चुनाव के बाद |
| 1984–85 | 414 | 2 |
| 1989 | 197 | 85 |
| 1991–92 | 244 | 120 |
| 1996 | 140 | 161 |
| 1998 | 141 | 182 |
| 1999 | 114 | 182 |
| 2004 | 145 | 138 |
| 2009 | 206 | 116 |
| 2014 | 44 | 282 |
| 2019 | 52 | 303 |

## 14. मूल आधिकारिक और शोध स्रोत

इस अध्ययन में निर्वाचन आयोग के अंतिम अभिलेख तथा चुनाव-समय के प्रकाशित विश्लेषण उपयोगी हैं।

- [भारत निर्वाचन आयोग : 2019 लोकसभा चुनाव की पूर्ण सांख्यिकीय रिपोर्ट — वेल्लोर सहित और वेल्लोर के बिना](https://www.eci.gov.in/statistical-reports?utm_source=chatgpt.com)

- [निर्वाचन आयोग : 2019 चुनाव के मतदाता, मतदान, प्रत्याशी और दलवार आँकड़े](https://www.eci.gov.in/about-eci/?utm_source=chatgpt.com)

- [लोकनीति–सीएसडीएस : 2019 लोकसभा चुनाव में गठबंधनों और दलों का प्रदर्शन](https://www.lokniti.org/media/PDF-upload/1586442379_77322100_party_performance.pdf?utm_source=chatgpt.com)

- [लोकसभा सचिवालय : अगस्त 2019 में वेल्लोर के निर्वाचित सांसद का रिकॉर्ड](https://eparlib.sansad.in/bitstream/123456789/794362/1/JPI_December_2019.pdf?utm_source=chatgpt.com)

- [भारत सरकार : 2019 का राज्यवार मतदान प्रतिशत](https://www.pib.gov.in/PressReleaseIframePage.aspx?PRID=2019225&lang=2&reg=48&utm_source=chatgpt.com)

## 15. सत्रहवें लोकसभा चुनाव का ऐतिहासिक निष्कर्ष

2019 के चुनाव से भारतीय राजनीति की कई महत्वपूर्ण प्रवृत्तियाँ सामने आईं।

पहली, भाजपा ने 2014 के बाद लगातार दूसरी बार अपने दम पर पूर्ण बहुमत प्राप्त किया। उसकी सीटें 282 से बढ़कर 303 और राष्ट्रीय वोट शेयर लगभग 31 से बढ़कर 37.36 प्रतिशत हुआ।

दूसरी, कांग्रेस की सीटें 44 से बढ़कर 52 हुईं, लेकिन वह बहुमत से बहुत दूर रही। उत्तर प्रदेश की अमेठी सीट पर राहुल गांधी की पराजय और वायनाड से उनकी विजय चुनाव की चर्चित घटनाएँ थीं।

तीसरी, पश्चिम बंगाल में भाजपा दो से 18 सीटों तक पहुँची। तमिलनाडु में डीएमके-कांग्रेस गठबंधन तथा आंध्र प्रदेश में वाईएसआर कांग्रेस ने बड़ी संख्या में सीटें जीतीं।

चौथी, 2014 में कोई सीट नहीं जीतने वाली बसपा 2019 में दस सीटों पर पहुँची, जबकि समाजवादी पार्टी को पाँच सीटें मिलीं।

**इस चुनाव का केंद्रीय ऐतिहासिक तथ्य यह है कि भाजपा ने 303 सीटों के साथ लगातार दूसरा एकदलीय बहुमत हासिल किया, जबकि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन को 352 सीटें मिलीं।** इस जनादेश के आधार पर नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में दूसरी सरकार बनी, जिसने अपना कार्यकाल 2024 तक पूरा किया।

अगला, **2024 का अठारहवाँ लोकसभा चुनाव**, इसलिए महत्वपूर्ण है कि उसमें भाजपा की सीटें 303 से घटकर 240 रह गईं। भाजपा अकेले बहुमत से पीछे रही, लेकिन एनडीए के सहयोगियों के समर्थन से नरेंद्र मोदी ने लगातार तीसरी बार केंद्र में सरकार बनाई।

मूल वेबसाइट: https://omkarchaudhary.com/research/lok-sabha-elections-1951-2024/election-17